Saturday, August 28, 2021
वैक्सीन लेनेवाली मां का दूध बनाता है एंटीबॉडी, कोविड से बच्चा हो सकता है सुरक्षित- रिसर्च
<p style="text-align: justify;"><strong>Breast Milk:</strong> कोविड से सुरक्षा के लिए टीकाकरण करानेवाली मां के दूध में बीमारी के खिलाफ लड़नेवाली एंटीबॉडीज होती है. ये खुलासा फ्लोरिडा यूनिवर्सिटी की नई रिसर्च में हुआ है. रिसर्च में बताया गया है कि टीकाकरण से कोविड-19 की बीमारी का कारण बननेवाला कोरोना वायरस के खिलाफ मां के दूध में एंटीबॉडीज का लेवल स्पष्ट बढ़ता है, इससे पता चलता है कि टीकाकरण करानेवाली मां अपने बच्चों तक इम्यूनिटी को आगे बढ़ा सकती हैं.</p> <p style="text-align: justify;"><strong>टीकाकरण के बाद मां के दूध में बनती है एंटीबॉडीज</strong></p> <p style="text-align: justify;">शोधकर्ताओं का कहना है कि इसकी पुष्टि के लिए रिसर्च पर काम किया गया था. बच्चे जब पैदा होते हैं, तो उनका इम्यून सिस्टम विकसित हो रहा होता है, जिसके चलते उनकी संक्रमण से लड़ाई मुश्किल हो जाती है. मासूम खास वैक्सीन के लिए पर्याप्त रूप से प्रतिक्रिया देने में अक्सर बहुत छोटे होते हैं. बच्चों की कमजोरी की इस अवधि के दौरान ब्रेस्टफीडिंग करानेवाली मां का दूध बच्चे को सुरक्षा देने की क्षमता उपलब्ध कराता है.</p> <p style="text-align: justify;">शोधकर्ताओं के मुताबिक टीकाकरण मां के दूध का हिस्सा बन जानेवाले टूल की तरह है जो कोविड-19 की रोकथाम की क्षमता रखता है. उन्होंने कहा कि रिसर्च से मजबूत संकेत मिलता है कि वैक्सीन मां और बच्चा दोनों को सुरक्षा देने में मदद कर सकती है, ये प्रेगनेन्ट या बच्चों को ब्रेस्टफीडिंग करानेवाली मां के लिए टीकाकरण का ठोस कारण है. रिसर्च को दिसंबर 2020 और मार्च 2021 के बीच अंजाम दिया गया था, जब फाइजर और मॉडर्ना की वैक्सीन पहली बार हेल्थ केयर वर्कर्स के लिए उपलब्ध कराई गई थी. शोधकर्ताओं ने 21 सेहतमंद ब्रेस्टफीडिंग करानेवाली हेल्थ केयर वर्कर्स को रिसर्च का हिस्सा बनाया जो कोरोना से संक्रमित नहीं हुई थीं.</p> <p style="text-align: justify;"><strong>मां के दूध और ब्लड सैंपल से निकाला गया नतीजा</strong></p> <p style="text-align: justify;">टीम ने मां के दूध और ब्लड का सैंपल तीन बार लिया, एक बार टीकाकरण से पहले, एक बार वैक्सीन की पहली डोज के बाद और आखिरी बार दूसरी डोज के बाद सैंपल हासिल किया. शोधकर्ताओं ने बताया, "हमने दूसरी डोज के बाद ब्रेस्ट मिल्क और ब्लड के सैंपल में मजबूत एंटीबॉडी रिस्पॉन्स देखा जो टीकाकरण से पहले की तुलना में सौ गुना बढ़ोतरी थी." उन्होंने बताया कि एंटीबॉडीज का लेवल कोरोना वायरस से संक्रमित मां में भी काफी ज्यादा था. रिसर्च के नतीजे पत्रिका ब्रेस्टफीडिंग मेडिसीन में प्रकाशित हुए हैं.</p> <p style="text-align: justify;"><strong><a title="J&J का दावा- कोविड-19 वैक्सीन का बूस्टर खुराक कारगर, 28 दिन में नौ गुना बढ़े एंटीबॉडी" href="https://ift.tt/2WiHZEt" target="">J&J का दावा- कोविड-19 वैक्सीन का बूस्टर खुराक कारगर, 28 दिन में नौ गुना बढ़े एंटीबॉडी</a></strong></p> <p style="text-align: justify;"><strong><a title="Covid-19 Third Wave: कोरोना की तीसरी लहर में बच्चों को शांत और सुरक्षित रखने का कोई नुस्खा है? जानिए" href="https://ift.tt/2UMA8Ow" target="">Covid-19 Third Wave: कोरोना की तीसरी लहर में बच्चों को शांत और सुरक्षित रखने का कोई नुस्खा है? जानिए</a></strong></p> <p style="text-align: justify;"> </p> lifestyle https://ift.tt/38mdf7W
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