Sunday, August 1, 2021

Kitchen Hacks: बारिश में ऐसे करें कॉफी को स्टोर, न जमेगी और न स्वाद होगा खराब

<p style="text-align: justify;"><strong>Coffee Storage Tips:</strong> चाय के बाद सबसे ज्यादा लोग कॉफी पीना पसंद करते हैं. आपको हर जगह पर चाय और कॉफी शॉप्स मिल जाएंगी. जब किसी के घर जाते हैं तो लोग अक्सर चाय और कॉफी ऑफर करते हैं. लगभग सभी लोग अपने घरों में कॉफी रखना पसंद करते हैं. बारिश के मौसम में अगर गर्मागरम कॉफी मिल जाए तो स्वाद और सेहत दोनों अच्छी हो जाती है. कॉफी की गर्माहट शरीर को सर्दी लगने से भी बचाती है. लेकिन कॉफी लवर्स की अक्सर ये शिकायत रहती है कि उनकी कॉफी लंबे समय तक नहीं चल पाती है.</p> <p style="text-align: justify;">अगर कॉफी ज्यादा मात्रा में खरीद लेते हैं तो वो जम जाती है या स्वाद खराब सा हो जाता है. कॉफी चाय के मुकाबले काफी मंहगी आती है. ऐसे में इसे सही से स्टोर न किया जाए तो आपको नुकसान हो सकता है. बारिश के मौसम में खासतौर से नमी रहती है. ऐसे में आपको कॉफी को सही तरीके से स्टोर करना आना चाहिए. जानते हैं कॉफी को स्टोर करने के कुछ तरीके.&nbsp;</p> <p style="text-align: justify;"><strong>1- फ्रिज में रखें-</strong> अगर आपके पास कॉफी की शीशी है तो आप इसे फ्रिज में रख सकते हैं. आप चाहें तो इसे फ्रीजर में भी रख सकते हैं. इससे कॉफी पाउडर जमेगा नहीं. इससे कॉफी का स्वाद भी बरकरार रहेगा. इस तरह कॉफी को आप कई महीनों तक स्टोर करके रख सकते हैं. ध्यान रखें कि आप जिस शीशी या डिब्बे में कॉफी रख रहे हैं तो एयर टाइट होना चाहिए.&nbsp;</p> <p style="text-align: justify;"><strong>2- इस तरह कॉफी का टेस्ट बना रहेगा-</strong> कई लोगों की शिकायत होती है कि लंबे समय तक कॉफी को रखने से स्वाद बदल जाता है. इसके लिए आप कॉफी को जार में रखने से पहले उसमें चावल के कुछ दाने डाल दें. अब ऊपर से कॉफी पाउडर डाल दें. ऐसा करने से कॉफी का स्वादा कभी नहीं बिगड़ेगा. इस तरह आप महीनों तक कॉफी का इस्तेमाल कर सकते हैं.&nbsp;</p> <p style="text-align: justify;"><strong>3- कॉफी में गाठें नहीं होंगी-</strong> कई बार देखा होगा कि कॉफी पाउडर में गाठें पड़ने लग जाती हैं. इसके कुछ दिन बाद कॉफी जम जाती है. अगर कॉफी में गाठें नहीं पड़ेगी तो कॉफी पाउडर जमेगा नहीं. इसके लिए आप कॉफी को निकालकर शीशी में नीचे एक टिशु पेपर बिछा दें, अब शीशी में पहले एक चम्मच चाय पत्ती डाल दें. फिर ऊपर से कॉफी पाउडर डाल दें. इससे कॉफी में गाठें नहीं पडेंगी.</p> <p style="text-align: justify;"><strong>4- कॉफी को ऐसे पैक करें-</strong> अगर आप कॉफी को बाहर ही रख रहे हैं तो कॉफी के जार के मुंह को किसी प्लास्टिक से सील कर दें. इसके अलावा कॉफी के जार में किसी भी तरह की चम्मच डाल कर न रखें. जब भी कॉफी का इस्तेमाल करना हो किसी लकड़ी के चम्मच से ही निकालें.&nbsp;</p> <p style="text-align: justify;"><strong>5- मौसम के हिसाब से कॉफी स्टोर करें-</strong> आपको अलग-अलग मौसम के हिसाब से कॉफी को स्टोर करना चाहिए, जैसे- गर्मी में कॉफी पाउडर में कुछ मिश्री के टुकड़े मिला दें. ठंड में सौंठ के टुकड़े डाल दें और बारिश में कमल गट्टे का टुकड़ा डालकर रख दें. इससे कॉफी जमेगी नहीं और लंबे समय तक चल सकती है.</p> <p style="text-align: justify;"><strong>Disclaimer:</strong> इस आर्टिकल में बताई विधि, तरीक़ों व दावों की एबीपी न्यूज़ पुष्टि नहीं करता है. इनको केवल सुझाव के रूप में लें. इस तरह के किसी भी उपचार/दवा/डाइट पर अमल करने से पहले डॉक्टर की सलाह जरूर लें.</p> <p style="text-align: justify;"><strong>ये भी पढ़े: <a title="मिक्सी को साफ करने का बेस्ट तरीका, चमकने लगेगी मिक्सी" href="https://ift.tt/3zVNNBT" target="">मिक्सी को साफ करने का बेस्ट तरीका, चमकने लगेगी मिक्सी</a></strong></p> lifestyle https://ift.tt/3ieUrgn

Health Tips: व्रत से पहले और बाद में क्या खाना चाहिए? इस तरह उपवास करने पर नहीं होगी परेशानी

<p style="text-align: justify;"><strong>Food Before And After Fast:</strong> सावन के महीने से व्रत त्योहार की शुरुआत हो जाती है. ऐसे में कई व्रत ऐसे होते हैं जब महिलाएं पूरे दिन बिना कुछ खाए-पीए निर्जल व्रत रहती हैं. हरतालिका तीज, करवा चौथ और एकादशी के जैसे कई व्रत हैं, जिनमें निर्जला उपवास किया जाता है. इन व्रत को करने वाली महिलाएं दिन भर कुछ भी नहीं खाती हैं और पानी भी नहीं पीती. वहीं घर के सारे काम भी उन्हें करने पड़ते हैं. व्रत और पूजा की तैयारी करना, ऐसे में शाम होते होते कुछ महिलाओं को सिर दर्द, उल्टी या चक्कर आने लगते हैं. निर्जल व्रत में कमजोरी, चक्कर आना, ब्लड प्रेशर लो होना, डिहाइड्रेशन जैसी समस्याएं हो जाती है. हालांकि उपवास से एक दिन पहले और बाद में अगर खाने पीने का ख्याल रखा जाए तो परेशानी को कम किया जा सकता है.&nbsp;</p> <p style="text-align: justify;"><strong>निर्जला व्रत से पहले क्या खाएं?</strong></p> <p style="text-align: justify;"><strong>1-</strong> निर्जला व्रत से एक दिन पहले भरपूर मात्रा में पानी वाले फल जैसे खरबूज और तरबूज खूब खाएं. इससे शरीर में जल की मात्रा संतुलित रहेगी और डिहाइड्रेशन से बचेंगे.</p> <p style="text-align: justify;"><strong>2-</strong> व्रत से पहले आपको अपनी डाइट में भीगे बादाम और अखरोट जरूर शामिल करने चाहिए. ड्राइफ्रूट्स से आपका इम्यूनिटी लेवल सही रहता है.</p> <p style="text-align: justify;"><strong>3-</strong> व्रत में ज्यादातर लोगों को एसिडिटी और थकान होने लगती है. इससे बचने के लिए आपको आंवले का मुरब्बा खाना चाहिए. आंवले का मुरब्बा खाने से एसिडिटी नहीं होती.</p> <p style="text-align: justify;"><strong>4-</strong> व्रत से एक दिन पहले आप अपनी डाइट में कीवी और नींबू पानी को भी शामिल कर सकते हैं. इससे आपकी रोगप्रतिरोधक क्षमता बढ़ेगी और आप बीमार नहीं पड़ेंगे.</p> <p style="text-align: justify;"><strong>5-</strong> व्रत से एक दिन पहले नारियल पानी जरूर पीना चाहिए. इससे आपकी बॉडी हाइड्रेट रहती है.</p> <p style="text-align: justify;"><strong>6-</strong> उपवास से पहले आप खाने में गुड़ भी खा सकते हैं. गुड़ में आयरन होता है, जिससे आप दिन भर एनर्जी से भरपूर रहते हैं.</p> <p style="text-align: justify;"><strong>7-</strong> व्रत से एक दिन पहले जीरा पानी पीना न भूलें क्योंकि ये एसिडिटी की समस्या से बचाता है. आप जीरा पानी अपनी डेली डाइट में भी शामिल कर सकते हैं.</p> <p style="text-align: justify;"><strong>8-</strong> उपवास से पहले आपको खाने में दही भी शामिल करना चाहिए. दही से व्रत वाले दिन आपको पेट संबंधी कोई समस्या नहीं होगी.</p> <p style="text-align: justify;"><strong>निर्जला व्रत के बाद क्या खाएं?</strong></p> <p style="text-align: justify;"><strong>1-</strong> निर्जला व्रत खोलते वक्त आपको नारियल पानी पीना चाहिए. इससे आपके शरीर को तुरंत एनर्जी मिलेगी और आपकी प्यास भी शांत हो जाएगी.</p> <p style="text-align: justify;"><strong>2-</strong> उपवास खोलने के बाद आपको एक बाउल पपीता या कोई फल खाना चाहिए. ध्यान रहे आपको खट्टे फल नहीं खाने.</p> <p style="text-align: justify;"><strong>3-</strong> फल खाने के करीब 1 घंटे बाद खाना खाएं. कोशिश करें खाने में हल्का खाएं और ज्यादा ऑयली न खाएं. इससे खाना आसानी से पच जाता है.</p> <p style="text-align: justify;"><strong>4-</strong> व्रत खोलने के बाद एकदम से ज्यादा खाना न खाएं. ज्यादा खाने से गैस और अपच हो सकती है. आप थोड़ा-थोड़ा और जल्दी-जल्दी डाइट लें. &nbsp;</p> <p style="text-align: justify;"><strong>5-</strong> व्रत खोलने के बाद खट्टे फल नहीं खाने चाहिए. इससे आपको एसिडिटी होने की पूरी संभावना होती है.</p> <p style="text-align: justify;"><strong>Disclaimer:</strong> इस आर्टिकल में बताई विधि, तरीक़ों व दावों की एबीपी न्यूज़ पुष्टि नहीं करता है. इनको केवल सुझाव के रूप में लें. इस तरह के किसी भी उपचार/दवा/डाइट पर अमल करने से पहले डॉक्टर की सलाह जरूर लें.</p> <p style="text-align: justify;"><strong>ये भी पढ़ें: <a title="कब मनाया जाएगा रक्षाबंधन से लेकर कजरी तीज का पर्व, देखें अगस्त के व्रत-त्योहार की लिस्ट" href="https://ift.tt/3lixuLq" target="">कब मनाया जाएगा रक्षाबंधन से लेकर कजरी तीज का पर्व, देखें अगस्त के व्रत-त्योहार की लिस्ट</a></strong></p> lifestyle https://ift.tt/3j912Zg

Weight And Height: जानिए आपकी हाइट के हिसाब से कितना होना चाहिए आपका वजन

<p style="text-align: justify;"><strong>Weight And Height Ratio:</strong> आजकल लोग मोटापे से सबसे जयादा परेशान हैं. बिजी लाइफस्टाइल में स्वस्थ रहना काफी मुश्किल हो गया है. इसके लिए आपको सही डाइट और नियमित रूप से एक्सरसाइज करनी चाहिए. सिटिंग जॉब और जंक फूड खाने से वजन तेजी से बढ़ता है. वहीं कुछ लोगों का वजन काफी कम होने लगता है. ऐसे में आपको ये जानना जरूरी है कि एक स्वस्थ व्यक्ति का वजन, उम्र और कद किस हिसाब से कितना होना चाहिए. बहुत सारे लोग ऐसे होते हैं जिन्हें ये पता नहीं होता कि उनका वजन कितना होना चाहिए. आज हम आपको हाइट के हिसाब के आपके वजन का अनुपात बता रहे हैं. जानते हैं आपकी लंबाई के हिसाब से आपका वजन कितना होना चाहिए.&nbsp;</p> <p style="text-align: justify;"><strong>लंबाई और वजन का अनुपात</strong></p> <p style="text-align: justify;">1- अगर आपकी लंबाई 4 फीट 10 इंच है तो आपका सामान्य वजन 41 से 52 किलोग्राम होना चाहिए. अगर इससे ज्यादा वजन है तो आपकी सेहत के लिए ये ठीक नहीं है.&nbsp;</p> <p style="text-align: justify;">2- अगर आपकी हाइट 5 फीट है तो आपका सामान्य वजन 44 से 55.7 किलोग्राम के बीच होना चाहिए.&nbsp;</p> <p style="text-align: justify;">3- अगर आपकी लंबाई 5 फीट 2 इंच है तो आपका वजन 49 से 63 किलोग्राम के बीच होना चाहिए.</p> <p style="text-align: justify;">4- आपकी लंबाई 5 फीट 4 इंच है तो आपका वजन 49 से 63 किलोग्राम के बीच होना चाहिए</p> <p style="text-align: justify;">5- वहीं 5 फीट 6 इंच लंबे शख्स का वजन 53 से 67 किलोग्राम तक होना चाहिए.&nbsp;</p> <p style="text-align: justify;">6- अगर आपकी लंबाई 5 फीट 8 इंच है तो आपका सामान्य वजन 56 से 71 किलोग्राम तक होना चाहिए.</p> <p style="text-align: justify;">7- जिसकी लंबाई 5 फीट 10 इंच है उसका वजन 59 से 75 किलोग्राम तक होना चाहिए.&nbsp;</p> <p style="text-align: justify;">8- अगर आपकी हाइट 6 फीट है तो आपका सामान्य वजन 63 से 80 किलो के बीच होना चाहिए.</p> <p style="text-align: justify;"><strong>ये भी पढ़ें: </strong></p> <p style="text-align: justify;"><strong><a title="सुबह उठने के बाद ज़रूर करें ये काम, हमेशा कंट्रोल में रहेगा वजन" href="https://ift.tt/3rIBWEe" target="">सुबह उठने के बाद ज़रूर करें ये काम, हमेशा कंट्रोल में रहेगा वजन</a></strong></p> lifestyle https://ift.tt/3yh9fAM

Heart Health: फैमिली हिस्ट्री में है हार्ट की बीमारी? इस तरह रखें अपने दिल का ख्याल

<p style="text-align: justify;"><strong>Heart Health:</strong> आजकल की बदलती लाइफस्टाइल में लोगों को हार्ट की जुड़ी समस्याएं ज्यादा होने लगी हैं. हार्ट की बीमारियों के चलते हार्ट अटैक, हार्ट स्ट्रोक और हार्ट फेलियर का खतरा बढ़ने लगा है. इसके अलावा जिन लोगों के परिवार में 55 साल की उम्र से पहले किसी को हार्ट की समस्या जैसे अटैक, स्ट्रोक या हार्ट फेलियर हुआ है तो उसके परिवार हो हार्ट संबंधी बीमारियां होने का खतरा बढ़ जाता है. Coronary Artery Disease जो आनुवांशिक बीमारी है इस वजह से भी हार्ट से जुड़ी बीमारियां होने की फैमिली हिस्ट्री बनती है. ऐसे में आपको अपना बहुत ध्यान रखने की जरूरत है. लाइफस्टाइल में बदलाव करके आप इस खतरे को काफी हद तक कम कर सकते हैं. जानते हैं कैसे&nbsp;</p> <p style="text-align: justify;"><strong>1- तंबाकू से दूरी-</strong> अगर आपकी फैमिली हिस्ट्री में हार्ट अटैक, स्ट्रोक या हार्ट फेलियर की बीमारी रही है तो आपको तंबाकू का सेवन बिल्कुल नहीं करना चाहिए. तंबाकू और स्मोकिंग से दिल की बीमारी होने का खतरा माना जाता है.</p> <p style="text-align: justify;"><strong>2- शराब न पीएं-</strong> हार्ट डिजीज की फैमिली हिस्ट्री होने पर आपको एल्कोहल से दूर रहना चाहिए. आपको शराब नहीं पीनी चाहिए. शराब पीने से दिल से जुड़ी बीमारी होने का खतरा रहता है.</p> <p style="text-align: justify;"><strong>3- ब्लड शुगर को कंट्रोल करें-</strong> कई लोगों को डायबिटीज होने पर हार्ट की समस्याएं होने लगती हैं. ऐसे में आपको अपने ब्लड शुगर को कंट्रोल रखना चाहिए. अगर फैमिली हिस्ट्री में हार्ट डिजीज से पीड़ित लोग रहे हैं तो खासतौर से आपको ध्यान रखने की जरूरत है.&nbsp;</p> <p style="text-align: justify;"><strong>4- व्यायाम करें-</strong> फिट रहने के लिए आपको नियमित रूप से व्यायाम और योग करना चाहिए. योग और एक्सरसाइज से दिल की बीमारियों से बचाव किया जा सकता है. शरीर को स्वस्थ रखने के लिए रोजाना कम से कम 30 मिनट व्यायाम करना चाहिए. इससे हार्ट की समस्याएं भी कम होती हैं.</p> <p style="text-align: justify;"><strong>5- वजन कंट्रोल रखें-</strong> वजन बढ़ने पर हार्ट, डायबिटीज और कई तरह की दूसरी समस्याएं होने का खतरा बढ़ जाता है. ऐसे में अगर आपके परिवार में आनुवांशिक कारणों से हार्ट डिजीज का खतरा है तो आपको अपने वजन को हमेशा कंट्रोल में रखने की जरूरत है.&nbsp;</p> <p style="text-align: justify;"><strong>Disclaimer:</strong> इस आर्टिकल में बताई विधि, तरीक़ों व दावों की एबीपी न्यूज़ पुष्टि नहीं करता है. इनको केवल सुझाव के रूप में लें. इस तरह के किसी भी उपचार/दवा/डाइट पर अमल करने से पहले डॉक्टर की सलाह जरूर लें.</p> <p style="text-align: justify;"><strong>ये भी पढ़ें: <a title="लिवर को डैमेज होने से बचाता है अश्वगंधा, फैटी लिवर की समस्या दूर करने में भी करता है मदद" href="https://ift.tt/3ffs5B4" target="">लिवर को डैमेज होने से बचाता है अश्वगंधा, फैटी लिवर की समस्या दूर करने में भी करता है मदद</a></strong></p> lifestyle https://ift.tt/3igJzP7

एस्ट्राजेनेका और फाइजर मिक्स वैक्सीन के डोज ने बढ़ाया एंटीबॉडी लेवल, रिसर्च से खुलासा

<p style="text-align: justify;">पहले एस्ट्राजेनेका और फिर फाइजर की कोविड-19 वैक्सीन का मिला हुआ डोज लोगों के एंडीबॉडी लेवल में छह गुना इजाफा करता है. ये खुलासा दक्षिण कोरिया में किए गए रिसर्च से हुआ है. रिसर्च को 449 मेडिकल कर्मियों पर किया गया था. शोधकर्ताओं ने 100 कर्मियों को दो वैक्सीन में से प्रत्येक को एक डोज दिया, 200 ने फाइजर-बायोएनटेक का दो डोज इस्तेमाल किया और बाकी बचे स्वास्थ्य कर्मियों को एस्ट्राजेनेका की वैक्सीन का दो डोज इस्तेमाल कराया गया.</p> <p style="text-align: justify;"><strong>एस्ट्राजेनेका-फाइजर मिक्स वैक्सीन के डोज से बढ़ा एंटीबॉडी</strong></p> <p style="text-align: justify;">नतीजों को जानने के लिए स्वास्थ्य कर्मियों में दो वैक्सीन के एक, एक डोज इस्तेमाल कराकर असर को जांचा गया. रिसर्च के मुताबिक, एस्ट्राजेनेका की कोविड-19 वैक्सीन पहली बार जबकि फाइजर की वैक्सीन को दूसरे डोज के तौर पर इस्तेमाल कराने से कोरोना वायरस को निष्क्रिय करनेवाली एंटीबॉडी का लेवल एस्ट्राजेनेका की वैक्सीन के दो डोज की तुलना में छह गुना बढ़ गया.</p> <p style="text-align: justify;"><strong>नतीजों ने चौंकाया</strong></p> <p style="text-align: justify;">शोधकर्ताओं ने बताया कि सभी लोगों में एंटीबॉडी का पता चला, जिसने वायरस को सेल्स में दाखिल होने और नकल बनाने से रोक दिया और दो प्रकार की वैक्सीन इस्तेमाल करनेवाले लोगों में एंटीबॉडी की समान मात्रा फाइजर के दो डोज इस्तेमाल करनेवाले ग्रुप के जैसा पाया गया. इससे पहले ब्रिटेन में एक रिसर्च के दौरान इसी तरह के नतीजे सामने आए थे. उसमें पहले एस्ट्राजेनेका और फिर फाइजर की वैक्सीन वॉलेंटियर को इस्तेमाल कराया गया, जिससे उनमें बननेवाली एंटीबॉडी लेवल एस्ट्राजेनेका के दो डोज इस्तेमाल करनेवालों से ज्यादा मजबूत था.</p> <p style="text-align: justify;"><strong>एजेंला मार्केल भी ले चुकी हैं दो अलग वैक्सीन</strong></p> <p style="text-align: justify;">ऑक्सफोर्ड की रिसर्च में बताया गया कि एस्ट्राजेनेका की वैक्सीन के बाद फाइजर की वैक्सीन ने चार सप्ताह के अंतराल से देने पर 830 वॉलेंटियर में एस्ट्राजेनेका की दो डोज के मुकाबले बेहतर रोग प्रतिरोधक क्षमता पैदा किया. वैक्सीन का मिश्रण नया नहीं है क्योंकि जर्मनी की चांसलर एंजेला मर्केल भी दो अलग-अलग वैक्सीन की डोज ले चुकी हैं.</p> <p style="text-align: justify;"><strong>फिलहाल और डेटा की भी जरूरत</strong></p> <p style="text-align: justify;">पिछले महीने एस्ट्राजेनेका की वैक्सीन लेने के बाद मॉडर्ना की वैक्सीन का मिक्स डोज इस्तेमाल किया. यूरोपीय मेडिसीन एजेंसी ने सुझाया है कि अलग-अलग वैक्सीन को मिक्स करना प्रभावी हो सकता है, उसने ये भी कहा है कि इस मुद्दे पर बारीकी से निगरानी की जा रही है और किसी सटीक नतीजे पर पहुंचने से पहले ज्यादा डेटा की जरूरत है.</p> <p style="text-align: justify;">बताया जाता है कनाडा के प्रधानमंत्री जस्टिन ट्रूडो ने एस्ट्राजेनेका की वैक्सीन लगवाने के बाद अपने दूसरे डोज के तौर पर मॉडर्ना की वैक्सीन का विकल्प चुना. कनाडा में टीकाकरण पर राष्ट्रीय सलाहकार कमेटी ने कहा था कि एस्ट्राजेनेका की वैक्सीन के बाद दूसरे डोज के लिए एमआरएनए आधारित वैक्सीन को प्राथमिकता दी जा सकती है.</p> <h4><strong>यह भी पढ़ें-</strong></h4> <h4 class="article-title "><a href="https://ift.tt/3C67AjI फाइल करने से पहले जानिए कैसे कैलकुलेट करेंगे अपना HRA, कितना टैक्स डिडक्शन मिलेगा &nbsp;</a></h4> <h4 class="article-title "><a href="https://www.abplive.com/business/know-how-can-you-save-tax-on-hra-if-you-live-in-a-rented-house-1948045">किराये के घर में रहते हैं तो HRA पर आप कैसे बचा सकते हैं टैक्स, कितना मिलेगा टैक्स डिडक्शन</a></h4> lifestyle https://ift.tt/3fgP2DC

कोरोनाकाल में घर से काम करते हुए भी बिताएं सेहतमंद जिंदगी, डायबिटीज के लिए ये हैं उपाय

<p style="text-align: justify;">कोरोना महामारी से लड़ते हुए डेढ़ साल से ज्यादा हो चुके हैं. सुरक्षा के मद्देनजर और कोरोना के प्रसार को रोकने के लिए कंपनियों ने लोगों को घरों से काम करने का विकल्प दिया है. वर्क फ्रॉम होम का विकल्प कुछ लोगों के लिए सुविधाजनक है, तो वहीं कुछ लोगों की सेहत के लिए नकारात्मक प्रभाव का कारण बन रहा है. नकारात्मक प्रभावों में से एक डायबिटीज है. घर से देर तक काम ने कई डायबिटिक रोगियों को उसका काबू करना असंभव बना दिया है. उसके साथ, वजन का बढ़ना, सुस्ती, मोबाइल की लत, खराब लाइफस्टाइल, खराब डाइट का पालन भी इस लिस्ट में जुड़ गए हैं और ये सभी आपके डायबिटीज को बेकाबू बनाने में प्रमुख भूमिका निभाते हैं. वॉकहार्ट अस्पताल, मुंबई सेंट्रल से जुड़े डॉक्टर अलतमश शेख ने घर से काम करते हुए अपनी डायबिटीज को काबू करने के लिए कुछ उपाय सुझाए हैं.&nbsp;</p> <p style="text-align: justify;"><strong>कार्बोहाइड्रेट्स के सेवन पर लगाम लगाएं-</strong> वजन के रख रखाव और कमी के लिए सही समय पर खाना महत्वपूर्ण है. ग्लूकोज लेवल को काबू करने के लिए नींद और व्यायाम के साथ सही भोजन के महत्व से वाकिफ होने की जरूरत है. हमारा शरीर कार्बोहाइड्रेट्स को ग्लूकोज में तोड़ता है, और बाद में इंसुलिन शरीर को इस्तेमाल करने में मदद करता है और ऊर्जा के लिए उसे स्टोर करता है. बहुत ज्यादा कार्बोहाइड्रेट्स खाने या इंसुलिन के काम में समस्या होने पर ये प्रक्रिया नाकाम हो जाती है और अचानक से ग्लूकोज लेवल में बढ़ोतरी होती है. ग्लूकोज लेवल को काबू करने के लिए कार्बोहाइड्रेट्स सेवन का नियंत्रण जरूरी है. नियमित रूप से अपने ग्लूकोज लेवल की मॉनिटरिंग करें और डॉक्टर के संपर्क में रहें.</p> <p style="text-align: justify;"><strong>अच्छी नींद लें और थोड़ा जल्दी सोएं-</strong> हमारी सेहत के लिए अच्छी नींद लेना जरूरी है. आराम की कमी और खराब नींद की आदतें इंसुलिन की संवेदनशीलता और ब्लड ग्लूकोज लेवल को प्रभावित कर सकती हैं. ये भूख बूढ़ा सकती है जिससे वजन बढ़ता है. नींद की कमी के नतीजे में हार्मोन्स के वृद्धि में कमी होती है और कोर्टिसोल लेवल की बढ़ोतरी होती है. इसलिए बेहतर है कि रोजाना रात को 7-8 घंटे प्रयाप्त नींद को पूरा किया जाए.&nbsp;</p> <p style="text-align: justify;"><strong>तनाव, डायबिटीज काबू करने के लिए व्यायाम-</strong> घर से काम और व्यायाम दोनों संभव है. घर में ही स्पॉट वॉकिंग या जॉगिंग की जा सकती है. जिन लोगों को लगता है कि उन्हें बाहर जाना चाहिए, उनके लिए तेज चलने, सोशल डिस्टेंसिंग बरकरार रखते हुए जॉगिंग की सिफारिश की जाती है. पुश-अप, पुल-अप, स्क्वाट जैसे व्यायाम घर पर ही करें. परिवार और दोस्तों के साथ फोन पर या वीडियो के जरिए अच्छा समय खर्च करें. जैसा कि हम जानते हैं तनाव ग्लूकोज लेवल को प्रभावित करता है, इसलिए खुद से प्यार करें जो अंदरुनी शांति बनाने में मदद करेगा. मेडिटेशन, योग के आसन भी आपको तनाव से दूर रखेंगे.&nbsp;</p> <p style="text-align: justify;"><strong><a title="कोरोनाकाल में कैसे रहें दिमागी रूप से शांत और बेफिक्र, जानिए ये हैं बहुत आसान तरकीब" href="https://ift.tt/3y9sgVK" target="">कोरोनाकाल में कैसे रहें दिमागी रूप से शांत और बेफिक्र, जानिए ये हैं बहुत आसान तरकीब</a></strong></p> <p style="text-align: justify;"><strong><a title="कोरोनाकाल के बीच मच्छरों से होने वाली बीमारियों ने बढ़ाया खतरा, जानें बचाव के उपाय" href="https://ift.tt/3zOQipH" target="">कोरोनाकाल के बीच मच्छरों से होने वाली बीमारियों ने बढ़ाया खतरा, जानें बचाव के उपाय</a></strong></p> lifestyle https://ift.tt/3jej1gT

दांतों को चमकाने के लिए इस्तेमाल करें आसान घरेलू आयुर्वेदिक पाउडर, पीलापन होगा दूर

<p style="text-align: justify;">अपने दांत की सेहत का देखभाल करना अच्छा खाना या सोने की तरह महत्वपूर्ण है. लेकिन अक्सर लोग दांत की सेहत को लेकर उतने ज्यादा गंभीर नहीं होते. हमारा भोजन शरीर के अंदर दांतों से होकर गुजरता है. डॉक्टरों का मानना है कि जिस तरह हम शरीर के अन्य हिस्सों की स्थिति की जांच के लिए विशेषज्ञों के पास जाते हैं, उसी तरह हमें अपने दांतों की जांच के लिए भी समय पर डेंटिस्ट के पास जाना चाहिए.</p> <p style="text-align: justify;">दांतों की स्वस्थ आदतों से आप स्वास्थ्य की कई समस्याओं को दूर कर सकते हैं. दांत की आम समस्याओं में से एक है पीला दांत. हालांकि, दांतों के पीलापन को हटाने के लिए कई तरीके हैं, उनमें से कुछ आपके लिए नुकसानदेह हो सकते हैं. कभी-कभी डेंटिस्ट का सुझाया केमिकल महंगा हो सकता है और देखने में ये भी आया है उसका प्रभाव नहीं पड़ा. अगर आप भी पीले दांत की समस्या से पीड़ित हैं, तो सस्ता देसी उपाय पीलापन हटाने और दांतों को चमकाने में मदद कर सकता है. &nbsp; &nbsp;</p> <p style="text-align: justify;"><strong>आयुर्देकि पाउडर से दांतों को चमकाएं-</strong> इस पाउडर को बनाने के लिए आपको एक चम्मच सेंधा नमक, एक चम्मच लौंग का पाउडर, एक चम्मच दालचीनी पाउडर, एक चम्मच मुलेठी, सूखी नीम की पत्तियां और सूखे पुदीने की पत्तियों की जरूरत होगी.&nbsp;</p> <p style="text-align: justify;"><strong>कैसे बनाएं आयुर्वेदिक पाउडर-</strong> सभी सामान को पीस कर पाउडर की शक्ल में बना लें. आप उसे किसी हवाबंद कंटेनर में आगे इस्तेमाल के लिए स्टोर कर सकते हैं. इस्तेमाल करने के लिए एक चम्मच टूथपाउडर लें और उसे अपनी हथेली पर रखें. अब पाउडर से अपने दांतों की सफाई के लिए अपने ब्रश का इस्तेमाल करें. उसके बाद पानी से अपे मुंह को धो लें. एक सप्ताह इसी तरह करें. इस तरह अपने दांतों की रंगत में बदलाव दिखाई देगा. दिन में दो बार अपने दांतों को ब्रश करें. ब्रश ज्यादा देर तक या बहुत सख्त न करें क्योंकि ये दांत को ढंकनेवाला बाहरी आवणर दूर कर सकता है.</p> <p style="text-align: justify;"><strong><a title="Apple Cider Vinegar: क्या सेब के सिरके से कम होता है वजन? जानिए सच्चाई" href="https://ift.tt/3yfYYov" target="">Apple Cider Vinegar: क्या सेब के सिरके से कम होता है वजन? जानिए सच्चाई</a></strong></p> <p style="text-align: justify;"><strong><a title="रिसर्च से खुलासा- डायबिटीज, हाई ब्लड प्रेशर ने कोरोना मरीजों में बढ़ाया ब्रेन स्ट्रोक का खतरा" href="https://ift.tt/377jbRw" target="">रिसर्च से खुलासा- डायबिटीज, हाई ब्लड प्रेशर ने कोरोना मरीजों में बढ़ाया ब्रेन स्ट्रोक का खतरा</a></strong></p> lifestyle https://ift.tt/3rTaKmn