Wednesday, June 30, 2021

करीना कपूर की डाइटिशियन रुजुता दिवाकर से जानिए वजन कम करने के अनोखे टिप्स - bhaskarhindi.com


https://ift.tt/3jGT23F

Safalta Ki Kunji : इंतजार करना बंद करिए, सही समय कभी नहीं आता

<p style="text-align: justify;"><strong>Safalta Ki Kunji :</strong> दैनिक जीवन में हम कामयाबी के लिए तमाम सूत्रों का पालन करते हैं, इस यकीन के साथ सही समय आने पर सफलता जरूर मिलेगी, मगर यह पूरी तरह सच नहीं है. सफलता के लिए किए गए इंतजार से बेहतर उपलब्ध समय का सदुपयोग कर सफलता तक खुद पहुंचने का प्रयास ही समझदारी है.&nbsp;</p> <p style="text-align: justify;"><strong>सफल और असफल व्यक्ति का अंतर&nbsp;</strong><br />विद्वानों का मानना है कि असफलता के लिए अधिकांशतः व्यक्ति के अपने प्रयास जिम्मेदार होते हैं. ऐसा इसलिए कि उनकी सोच-समझ और लिए गए निर्णय ही यह दिशा तय करते हैं. एक सूत्र यह भी है कि सफल लोग दूसरों की मदद के लिए हमेशा अवसर की तलाश करते हैं, बिना द्वेष, बिना स्वार्थ, जबकि जीवन में असफल लोग हमेशा इस सोच के साथ कि इससे मुझे क्या फायदा, अपनी प्रगति से ना जाने कितने दूर हो चुके होते हैं. विद्वानों का कथन है कि मेरा क्या फायदा की सोच ही व्यक्ति की मानसिक स्थिति और विकास को संकीर्ण कर देती और भविष्य में बन सकने वाले मजबूत रिश्तों की नींव को खोखला कर देती है.</p> <p style="text-align: justify;"><strong>जिस माहौल में रहता है, वैसा ही वह बनता है</strong></p> <p style="text-align: justify;">यह भी बेहद स्वाभाविक है जो जैसा जिस माहौल में रहता है, वैसा ही वह बनता है. ऐसे में अगर आपको सफल होना है तो यह आपको ही तय करना है कि कैसे लोगो के साथ रहना है. नहीं रह सकते तो उनके की कही बातों को फॉलो करने, उनकी लिखी किताबें पढ़कर भी आगे बढ़ने की प्रेरणा मिलती है. वही लोग हमेशा आगे बढ़ पाते हैं, जो उत्साह और ऊर्जा से भरे होते हैं.</p> <p style="text-align: justify;"><strong>इन्हें पढ़ें : &nbsp;</strong></p> <p style="text-align: justify;"><a title="Yogini Ekadashi 2021: कब है योगिनी एकदाशी? जानें तिथि, पूजा मुहूर्त, पारण समय, व्रत नियम एवं कथा" href="https://ift.tt/3w6maUg" target="">Yogini Ekadashi 2021: कब है योगिनी एकदाशी? जानें तिथि, पूजा मुहूर्त, पारण समय, व्रत नियम एवं कथा</a></p> <p style="text-align: justify;"><a title="Tulsi Totke: जरूर करें तुलसी के ये उपाय, दूर होगी व्यापार और विवाह की परेशानी, घर में आएगी सुख-समृद्धि " href="https://ift.tt/3jrwl30" target="">Tulsi Totke: जरूर करें तुलसी के ये उपाय, दूर होगी व्यापार और विवाह की परेशानी, घर में आएगी सुख-समृद्धि</a></p> <p style="text-align: justify;">&nbsp;</p> lifestyle https://ift.tt/2USDGi1

Chanakya Niti : पिता-पत्नी या पुत्र को भूलकर न करें ऐसा दुलार, हमेशा रहेंगे दुखी

<p style="text-align: justify;"><strong>Chanakya Niti :</strong> अपने परिवार के साथ रहना और सुख-दुख बांटना, इस धरती पर स्वर्ग की अनुभूति से कम नहीं है, लेकिन कुछ ऐसी बातें और व्यवहार भी हैं, जिनकी वजह से रिश्तों में कड़वाहट घुल सकती है या उनका भविष्य दांव पर लग सकता है. ऐसे में पूरी सहजता और जरूरत भरी कठोरता के साथ पत्नी-पुत्र और पिता को कुछ निश्चित समय में न कहना भी जरूरी है.</p> <p style="text-align: justify;">आचार्य चाणक्य के मुताबिक पिता-पुत्र या पत्नी के साथ प्रेम भरा व्यवहार हमेशा बना रहना उपयुक्त और सदाचारी है. मगर इन्हें अपने लिए कमजोरी बनाना या अत्यधिक लाड़ देना खुद के लिए शत्रु खड़ा करने से कम नहीं है. ऐसे में विद्वान की सीख है कि पुत्र वही है, जो पिता का कहना मानता हो. पिता वही है जो पुत्रों का पालन-पोषण करे. पत्नी वही है, जिससे सुख की प्राप्ति हो. एक बुद्धिमान पिता के लिए अपने पुत्रों के शुभ गुणों को प्रेरित करना ही बड़ा योगदान है. नीतिज्ञ और ज्ञानी पुत्र से कुल वंश में उज्जवलता और असीम योग्यता का संचार होगा. फिर भी कुछ नियमों का पालन करना आवश्यक है.&nbsp;</p> <p style="text-align: justify;"><strong>पुत्र के लिए&nbsp;</strong><br />आचार्य चाणक्य कहते हैं कि 5 साल की आयु तक पुत्र को लाड़-प्यार से पालना चाहिए. 10 साल तक उसे छड़ी की मार से डराएं, लेकिन जब वह 16 साल का हो जाए तो बिल्कुल मित्रवत व्यवहार ही सार्थक होगा.&nbsp;</p> <p style="text-align: justify;"><strong>पत्नी के लिए&nbsp;</strong><br />आचार्य कहते हैं कि पत्नी आपकी इच्छा के अनुरूप व्यवहार करती है तो कभी भी उसे अपमानित या तिरस्कृत ना करें, लेकिन आज्ञा के पालन में लापरवाही या मानसिक दूरी का भाव बने तो थोड़ी सख्ती अनिवार्य है.&nbsp;</p> <p style="text-align: justify;"><strong>पिता के लिए&nbsp;</strong><br />इसी तरह पिता के संबंध में उनकी हर आज्ञा का पालन करें, लेकिन अधर्म या असम्मानजनक, अनैतिक कार्य के लिए पिता को भी ना कहना ही धर्म नीति होगी. इस तरह इन तीनों रिश्तों में लाड़-प्यार के साथ एक सीमा के बाद इनकार या पूरी तरह ना कहना भी आवश्यक है.</p> <p style="text-align: justify;">&nbsp;</p> <p style="text-align: justify;"><strong>इन्हें पढ़ें : &nbsp;</strong><br /><a title="Yogini Ekadashi 2021: कब है योगिनी एकदाशी? जानें तिथि, पूजा मुहूर्त, पारण समय, व्रत नियम एवं कथा" href="https://ift.tt/3w6maUg" target="">Yogini Ekadashi 2021: कब है योगिनी एकदाशी? जानें तिथि, पूजा मुहूर्त, पारण समय, व्रत नियम एवं कथा</a></p> <p style="text-align: justify;"><a title="Tulsi Totke: जरूर करें तुलसी के ये उपाय, दूर होगी व्यापार और विवाह की परेशानी, घर में आएगी सुख- समृद्धि" href="https://ift.tt/3jrwl30" target="">Tulsi Totke: जरूर करें तुलसी के ये उपाय, दूर होगी व्यापार और विवाह की परेशानी, घर में आएगी सुख- समृद्धि</a></p> <p style="text-align: justify;">&nbsp;</p> lifestyle https://ift.tt/3h3bAcv

इन 5 आसान किचन हैक्‍स के साथ आप भी बन सकते हैं किचन किंग

<p style="text-align: justify;"><strong>Kitchen Tips and Trick:</strong> दिन भर में किचन के कई छोटे-बड़े काम होते हैं. हर कोई चाहता है कि ये काम आसानी से हो जाएं और वक्त भी बच जाए. मगर इन ट्रिक्स पर हर कोई ध्यान नहीं देता. चलिए हम आज आपको कुछ ऐसे ही सिंपल से किचन हैक्&zwj;स बताते हैं, जिससे किचन में आपकी काफी मदद होगी और साथ ही आपका समय भी बचेगा.</p> <p style="text-align: justify;"><strong>1. बॉटल्&zwj;स को फ्रिज में रखने का तरीका-</strong> अगर आपको अपने फ्रिज में कई सारी बॉटल्&zwj;स रखनी हैं, मगर फ्रिज के बॉटल जोन में जगह नहीं बची तो आप अपनी पानी की बोतलों को फ्रिज की शेल्&zwj;फ पर भी रख सकते हैं.&nbsp;</p> <p style="text-align: justify;"><strong>2. अंडों को छीलने का सिंपल तरीका-</strong> अगर आप भी उन लोगों में से हैं जिन्हें उबले हुए अंडों को छीलने में परेशानी होती है तो आपको अंडे उबालने के बाद उन्हें थोड़ा सा क्रैक करना चाहिए जिसके बाद ठंडे पानी में अंडों को थोडी देर के लिए भिगा कर रखें और फिर उन्हें छीलें.&nbsp;</p> <p style="text-align: justify;"><strong>3. हरी सब्जियों को ताजा रखने का तरीका-</strong> अपने फ्रिज में हरी सब्जियों को ज्यादा समय तक फ्रेश बनाए रखने के लिए. आप उन्&zwj;हें प्&zwj;लास्टिक के बैग में हवा भर कर रखें. इससे आपकी हरी सब्जियां ज्&zwj;यादा वक्त तक ताजा रहेंगी.&nbsp;</p> <p style="text-align: justify;"><strong>4. माइक्रोवेव में खाना गरम करने का तरीका-</strong> आजकल हर घर में माइक्रोवेव का इस्तेमाल किया जाता है. खाने को माइक्रोवेव में सही तरीके से गर्म करने के लिए अपने खाने को प्&zwj;लेट में गोलाई में फैला दें और बीच की जगह को खाली छोड़ दें. इससे आपका खाना सही तरीके से गर्म होगा.</p> <p style="text-align: justify;"><strong>5. चौपिंग बोर्ड का सीक्रेट फीचर-</strong> कम ही लोगों को चौपिंग बोर्ड के एक सीक्रेट फीचर का पता होता है. दरअसल, कटिंग बोर्ड का जहां हैंडल होता है, वहां पर जो स्&zwj;पेस होता है उसका भी इस्&zwj;तेमाल किया जा सकता है. आप कटिंग बोर्ड पर रख कर जो भी चीजें काट रहे हैं, उन्हें उस स्पेस से बाहर निकाल सकते हैं. ऐसा करने से गंदगी भी कम फैलेगी.&nbsp;</p> <p style="text-align: justify;"><strong>यह भी पढ़ेंः</strong></p> <p class="article-title " style="text-align: justify;"><a title="Super Foods Benefits: जानिए लोकप्रिय सुपर फूड्स के स्रोत और उसके फायदे" href="https://ift.tt/3yb1b3Y" target="">Super Foods Benefits: जानिए लोकप्रिय सुपर फूड्स के स्रोत और उसके फायदे</a></p> <p class="article-title " style="text-align: justify;"><a title="Litchi Benefits: हर उम्र के लोगों के लिए फायदेमंद है लीची का इस्तेमाल, जानिए कैसे" href="https://ift.tt/3hlDqPX" target="">Litchi Benefits: हर उम्र के लोगों के लिए फायदेमंद है लीची का इस्तेमाल, जानिए कैसे</a></p> lifestyle https://ift.tt/3h4a1eg

Mandira Bedi के पति की Cardiac Arrest से मौत, जानिए क्या हैं कार्डियक अरेस्ट के लक्षण और कैसे करें बचाव

<p style="text-align: justify;">एक्ट्रेस मंदिरा बेदी (Mandira Bedi) के पति डायरेक्टर-प्रोड्यूसर राज कौशल (Raj Kaushal Death) की कार्डियक अरेस्ट (Cardiac Arrest) से अचानक मौत हो गई है. 49 साल के राज कौशल को आज सुबह अचानक अटैक आया और वो अपना हंसता खेलता परिवार छोड़कर चले गए. मंदिरा बेदी और राज कौशल ने साल 1999 में शादी की थी. दोनों के एक बेटा और एक बेटी हैं.&nbsp;</p> <p style="text-align: justify;">आजकल हार्ट अटैक (Heart Attack) और कार्डियक अरेस्ट (Cardiac Arrest) के मामले काफी ज्यादा आ रहे हैं. ऐसे में बहुत सारे लोगों को दोनों के बीच का फर्क भी ठीक से नहीं पता होता. आज हम आपको बता रहे हैं कार्डियक अरेस्ट क्या होता है. इसके लक्षण क्या हैं और कैसे इससे बचाव किया जा सकता है.&nbsp;</p> <p style="text-align: justify;"><strong>क्या है कार्डियक अरेस्ट (Cardiac Arrest)</strong><br />दरअसल कार्डियक अरेस्ट में दिल के अंदर अलग-अलग हिस्सों के बीच सूचनाओं का आदान-प्रदान गड़बड़ हो जाता है, जिससे दिल की धड़कन पर बुरा असर पड़ने लगता है. इस स्थिति में अचानक से दिल धड़कना बंद कर देता है. इसमें जकार्डियोपल्मोनरी रेसस्टिसेशन (CPR) के जरिए हार्ट रेट को नियमित किया जाता है. लेकिन जिन्हें पहले हार्ट अटैक आ चुका है, उन्हें कार्डियक अरेस्ट आने की संभावना ज्यादा होती है.&nbsp;</p> <p style="text-align: justify;"><strong>कार्डियक अरेस्ट के लक्षण क्या हैं?&nbsp;</strong><br />1 हृदय का तेजी से धड़कना<br />2 थकान महसूस होना<br />3 सांस लेने में परेशानी होना<br />4 हार्ट में दर्द होना<br />5 चक्कर आना</p> <p style="text-align: justify;"><strong>किसे है कार्डियक अरेस्ट का खतरा?</strong><br />डायबेटीज के मरीजों को खतरा<br />धूम्रपान करने वालों को खतरा<br />कॉलेस्ट्राल का बढ़ना भी खतरनाक<br />फिजिकल वर्क न करने वालों को खतरा<br />हाइपरटेंशन और हाई ब्लडप्रेशर के मरीजों को खतरा</p> <p style="text-align: justify;"><strong>हार्ट अटैक (Heart Attack) और कार्डियक अटैक (Cardiac Attack) में अंतर</strong><br />कुछ लोग हार्ट अटैक और कार्डियक अरेस्ट को एक जैसा समझते हैं. लेकिन दोनों स्थिति अलग-अलग हैं. हार्ट अटैक में हृदय के कुछ हिस्सों में खून का बहाव जम जाता है जिससे हार्ट अटैक आता है. वहीं कार्डियक अटैक में किसी वजह से हृदय काम करना बंद कर देता है और अचानक से दिल की धड़कन रुक जाती है.</p> <p style="text-align: justify;"><strong>कार्डियक अटैक से बचाव</strong><br />अगर आपको इनमें से कोई भी लक्षण महसूस हो तो आप तुरंत डॉक्टर के पास जाएं. कार्डियोपल्मोनरी रिसकिटशन (CPR) की हेल्प इलाज संभव है. ऐसी स्थिति में अगर मरीज को सही समय पर अस्पताल पहुंचा दिया जाए तो उसकी जान भी बच सकती है.&nbsp;</p> <p style="text-align: justify;"><strong>ये भी पढ़ें: <a title="नीम के पत्तों से बढ़ाएं रोगप्रतिरोधक क्षमता, रोज कुछ पत्ते खाने से मिलेंगे कई फायदे" href="https://ift.tt/3dsQySy" target="">नीम के पत्तों से बढ़ाएं रोगप्रतिरोधक क्षमता, रोज कुछ पत्ते खाने से मिलेंगे कई फायदे</a></strong></p> lifestyle https://ift.tt/3hmk6lD

Ramayan : ऋषि कण्व के तालु पर उगे बांस से बने राम-कृष्ण-अर्जुन के धनुष

<p style="text-align: justify;"><strong>Ramayan :</strong> रामायण से लेकर महाभारत काल तक दिव्यास्त्रों के उपयोग और उनके प्राप्त करने के लिए की गई सिद्धियों की अनेक कथाएं हैं, लेकिन सर्वाधिक चर्चा परशुराम को शिवजी के दिए और श्रीराम के तोड़े धनुष पिनाक और अग्निदेव से अर्जुन को मिले गांडीव की चर्चा होती है. इसके अलावा कृष्ण के पास भी शारंग आया, लेकिन तीनों की धनुष एक ही काल में एक ही बांस से बने. आइए जानते हैं कि तीनो दिव्य धनुषों का निर्माण आखिर कैसे हुआ.</p> <p style="text-align: justify;">पौराणिक कथाओं के अनुसार कण्व ऋषि एक बार कठोर तप में लीन थे. घनघोर तपस्या के दौरान उनके शरीर पर दीमकों ने बांबी बना थी. यहां तक कि बांबी और आसपास की मिट्टी के ढेर पर सुंदर गठीले बांस उग आए थे, इस दौरान जब ऋषि की तपस्या पूरी हुई और ब्रह्माजी प्रकट हुए तो उन्होंने ऋषि को कई वरदान दिए और लौटने लगे, तभी ध्यान आया कि कण्व की मूर्धा यानी तालू पर उगे बांस सामान्य नहीं हो सकते हैं, ऐसे में इसका सदुपयोग किया जाना चाहिए.&nbsp;<br /><br />ब्रह्माजी ने यह सोचकर उन बांस को काटा और भगवान् विश्वकर्मा को दे दिया, जिन्होंने उससे तीन धनुष पिनाक, शार्ङग और गाण्डीव बनाए. इन तीनों धनुषों को ब्रह्माजी ने भगवान शंकर को समर्पित कर दिया. शिव ने इन्हें इन्द्र को दे दिया और इस तरह इंद्र से पिनाक परशुराम फिर राजा जनक के पास पहुंचा. जहां श्रीराम ने स्वयंवर के दौरान इसे उठाया, लेकिन काफी पुराना होने से यह टूट गया. इसी तरह गा&zwj;ण्डीव वरुणदेव के पास पहुंचा, जहां से अग्निदेव उसे ले गए, लेकिन &zwj;अग्निदेव की तपस्या कर अर्जुन ने इसे हासिल कर लिया.</p> <p style="text-align: justify;">शार्ङग धनुष भगवान विष्णु के पास था, समय के साथ यह उनके छठे अवतार और ऋषि ऋचिक के पौत्र परशुराम को मिला. परशुराम ने जीवन का उद्देश्य पूरा करने के बाद उसे विष्णु के अगले अवतार भगवान राम को धनुष दे दिया. राम ने इसे प्रयोग करने के बाद जलमण्डल देवता वरुण को दिया. महाभारत काल में वरुण ने शार्ङग खांडव-दहन के दौरान विष्णु के आठवें अवतार श्रीकृष्ण को दे दिया. मृत्यु से ठीक पहले कृष्ण ने यह धनुष महासागर में फेंककर वरुण को वापस लौटा दिया था.</p> <p style="text-align: justify;">&nbsp;</p> <p style="text-align: justify;"><strong>इन्हें पढ़ें : &nbsp;</strong><br /><a title="Yogini Ekadashi 2021: कब है योगिनी एकदाशी? जानें तिथि, पूजा मुहूर्त, पारण समय, व्रत नियम एवं कथा" href="https://ift.tt/3w6maUg" target="">Yogini Ekadashi 2021: कब है योगिनी एकदाशी? जानें तिथि, पूजा मुहूर्त, पारण समय, व्रत नियम एवं कथा</a></p> <p style="text-align: justify;"><br /><a title="Tulsi Totke: जरूर करें तुलसी के ये उपाय, दूर होगी व्यापार और विवाह की परेशानी, घर में आएगी सुख- समृद्धि" href="https://ift.tt/3jrwl30" target="">Tulsi Totke: जरूर करें तुलसी के ये उपाय, दूर होगी व्यापार और विवाह की परेशानी, घर में आएगी सुख- समृद्धि</a></p> <p style="text-align: justify;">&nbsp;</p> lifestyle https://ift.tt/2UbCZA6

Immunity: नीम के पत्तों से बढ़ाएं रोगप्रतिरोधक क्षमता, रोज कुछ पत्ते खाने से मिलेंगे कई फायदे

<p style="text-align: justify;">नीम का पेड़ किसी खजाने से कम नहीं है. नीम की पत्ती, छाल और बीज आपको कई स्वास्थ्य लाभ देते हैं. अगर आपको खुद को फिट रखना है तो नियमित रुप से नीम की कुछ पत्तियां खाएं. खासतौर से बारिश के मौसम में नीम का उपयोग जरूर करना चाहिए. आयुर्वेद की कई दवाओं में नीम का इस्तेमाल किया जाता है. लेकिन क्या आप जानते हैं कोरोना महामारी में भी नीम बहुत फायदेमंद है. नीम से शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ती है. नीम का जूस, काढ़ा और गोली खाने से आपकी इम्यूनिटी मजबूत होती है. इसके अलावा नीम में एंटीसेप्टिक और एंटीबैक्टीरियल गुण होते हैं, जिससे बैक्टीरियल इंफेक्शन खत्म हो जाते हैं. अगर आप नियमित रुप से नीम का जूस पीते हैं तो इससे आपको वजन घटाने में भी मदद मिलेगी. जानते हैं नीम का जूस पीने के फायदे</p> <p style="text-align: justify;"><strong>कैसे बनाएं नीम का जूस</strong><br />नीम की पत्तियों से जूस बनाने के लिए आपको 15 से 20 नीम की पत्तियां लेनी हैं इन्हें धोकर मिक्सी के जार में डाल दें. अब इसमें आधा गिलास पानी डालकर पीस लें. अब इसे छानकर पी लें. इसे पीने से आपको धीर-धीरे फर्क दिखने लगेगा.&nbsp;</p> <p style="text-align: justify;"><strong>नीम का जूस पीने के फायदे</strong></p> <p style="text-align: justify;"><strong>1- रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाता है-</strong> नीम का जूस और काढ़ा पीने से आपकी इम्यूनिटी मजबूत होती है. कोरोना काल में कई लोग रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाने के लिए नीम की गोलियां भी खा रहे हैं. इससे आपके शरीर को रोगों से लड़ने का शक्ति मिलती है. इसलिए आपको किसी भी रुप में नीम का सेवन जरूर करना चाहिए.</p> <p style="text-align: justify;"><strong>2- फाइबर से भरपूर-</strong> नीम के पत्ते और जूस में भरपूर मात्रा में फाइबर होता है. अगर आप नियमित रुप से नीम का जूस पीते हैं तो इससे आपकी पाचन प्रक्रिया अच्छी रहती है. इसमें पाए जाने वाले फाइबर से आपका पेट लंबे समय तक भरा रहता है. आपको जल्दी भूख नहीं लगती और जमा चर्बी पिघलने लगती है.</p> <p style="text-align: justify;"><strong>3- बॉडी को अंदर से क्लीन करता है-</strong> नीम में कई औषधीय गुण होते हैं. अगर आप नीम के जूस पीते हैं तो इससे आपका शरीर अंदर से साफ होता है. नीम सभी विषाक्त पदार्थों और रसायनों को शरीर से बाहर निकाल देता है. नीम का सेवन करने से सूजन और वजन की समस्या से भी छुटकारा मिल जाता है.&nbsp;</p> <p style="text-align: justify;"><strong>4- मेटाबॉलिज्म को मजबूत करता है-</strong> रोज नीम का जूस पीने से आपका मेटाबॉलिज्म मजबूत होता है. नीम का जूस मेटाबॉलिज्म को बूस्ट करने का काम करता है. इसके अलावा नीम में कई तरह के एंटी ऑक्सीडेंट्स पाए जाते हैं जिससे कैलोरीज बर्न करने में मदद मिलती है. लगातार नीम का जूस पीने से आपका वजन तेजी से कम होता है.&nbsp;</p> <p style="text-align: justify;"><strong>5- वजन कम करने में मदद करता है-</strong> अगर आप वजन कम करना चाहते हैं को आप एक्सरसाइज के अलावा नीम का जूस भी अपने रूटीन में शामिल कर सकते हैं. इससे नैचुरल तरीके से आपका वजन कम होगा. नीम का जूस पीने से बॉडी डिटॉक्स होती है और लंबे समय कर भूख नहीं लगती है. ऐसे में आप ओवर ईटिंग से बचते हैं. आपका वजन कम करने में मदद मिलती है. &nbsp;</p> <p style="text-align: justify;"><strong>ये भी पढ़ें: <a title="शरीर के लिए नियासीन भी है जरूरी, जानिए भूमिका, फायदे और स्रोत" href="abplive.com/lifestyle/vitamin-b3-niacin-is-also-necessary-for-body-know-its-role-benefits-and-sources-1933759" target="">शरीर के लिए नियासीन भी है जरूरी, जानिए भूमिका, फायदे और स्रोत</a></strong></p> lifestyle https://ift.tt/3dsQySy