Sunday, May 2, 2021

क्या आपके शरीर में विटामिन C की कमी है? इम्यूनिटी बनाने के लिए रोजाना खाएं ये फूड्स

देश में कोरोना संक्रमण के बढ़ते मामलों के बीच जरूरी हो गया है कि हम अपने इम्यून सिस्टम को मजबूत बनाएं. टीकाकरण के अलावा हर शख्स को चाहिए कि संक्रमण रोकने के लिए अपना इम्यूनिटी बढ़ाने पर फोकस करे. इम्यूनिटी मजबूत करने की प्रक्रिया में विटामिन सी अहम है. शरीर के इम्यून सिस्टम को मजबूत करने के लिए लोग कई तरीके अपनाते हैं, लेकिन आपको निश्चित रूप से अपनी डाइट में विटामिन सी में समृद्ध इन फूड को शामिल करना चाहिए. ये आपकी इम्यूनिटी बढ़ाने का काम करेंगे और कई बीमारियों को भी रोकेेंगे 
संतरा बहुत सारे पोषक तत्व जैसे विटामिन ए, विटामिन बी और विटामिन, मैग्नीशियम, पोटैशियम, फॉस्फोरस और चोलिन में समृद्ध होता है. गर्मी में ये शरीर को पानी के आवश्यक जल पोषण में भी मदद भी करता है, जो शरीर की इम्यूनिटी को बढ़ाता है. इसके अलावा, संतरे का सेवन धूप के कारण होनेवाली बीमारियों को रोकता है.
 जैसे ही गर्मी का मौसम शुरू होता है, आम बाजार में आसानी से उपलब्ध हो जाता है. फलों का राजा बहुत ज्यादा पोषक तत्वों जैसे विटामिन सी, विटामिन ए, आयरन, कॉपर, पोटैशियम से भरपूर होता है, जो इम्यूनिटी बढ़ाने के साथ कई अन्य बीमारियों को रोकता है. इसलिए, इसका इस्तेमाल रोजाना किया जाना चाहिए.
 अंगूर में विटामिन ए, विटामिन सी, विटामिन बी समेत पोटैशियम और कैल्शियम की भारी मात्रा होती है. उसके अलावा, उसमें फ्लावोनोइड नामक;शक्तिशाली एंटीऑक्सीडेंट होता है जो शरीर के लिए अत्यंत फायदेमंद समझा जाता  थायमिन, नियासिन, राइबोफ्लेविन, विटामिन बी-6, विटामन ई और फोलेट के अलावा नींबू में विटामिन सी की भरपूर मात्रा भी होती है जो आपके इम्यून सिस्टम को मजबूत करता है और कई संक्रामक बीमारियों के खिलाफ सुरक्षा देता है. आप उसका इस्तेमाल सलाद या पानी में मिलाकर कर सकते हैं
टमाटर- 
विटामिन सी की पर्याप्त मात्रा, लाइकोपीन, विटामिन्स, पोटैशियम टमाटर में पाए जाते हैं. खाली पेट रोजाना एक टमाटर खाना प्रभावी होता है. उसका इस्तेमाल सलाद के तौर भी किया जा सकता है.कोरोना होने पर जल्द रिकवरी के लिए डाइट में शामिल करें ये फूड" 

कोरोना होने पर जल्द रिकवरी के लिए डाइट में शामिल करें ये फूड

Covid-19 Vaccine: क्या स्मोकिंग से वैक्सीन का असर हो जाता है कम? जानिए अहम बात

<p style="text-align: justify;">कोविड-19 प्रोटोकॉल का पालने करने के अलावा, खुद को संक्रमित होने से बचाने का मात्र एक तरीका वैक्सीन लगवाना है. संक्रमण के बढ़ते मामलों के कारण टीकाकरण की प्रक्रिया तेज की जा रही है. सरकार ने एलान किया है कि 18 साल से ऊपर के लोग 1 मई से टीकाकरण के पात्र होंगे. इस बीच एक आम सवाल धूम्रपान करनेवालों के बीच प्रमुखता से चर्चा में है कि क्या वैक्सीन लगवाने के बाद स्मोकिंग की जा सकती है? लिहाजा, स्मोकिंग और टीकाकरण के बारे में विशेषज्ञों का क्या कहना है, क्या धूम्रपान और टीकाकरण साथ हो सकते हैं, इस तरह के सवाल और चिंताओं को आपको जानने की जरूरत है.</p> <p style="text-align: justify;"><strong>क्या वैक्सीन लगवाने के बाद स्मोकिंग की जा सकती है?</strong></p> <p style="text-align: justify;">विश्व स्वास्थ्य संगठन के मुताबिक, जो लोग धूम्रपान करते हैं, उनको कोरोना वायरस संक्रमण का ज्यादा खतरा होता है और इसलिए जरूरी है कि जहां तक संभव हो जल्द से जल्द वैक्सीन लगवा लें. स्मोकिंग लंग की क्षमता को भी कम करता है और कई अन्य सांस की बीमारियों से संक्रमित होने का खतरा बढ़ाता है. कई रिपोर्ट में बताया गया है कि धूम्रपान करनेवालों को कोविड-19 के गंभीर नतीजों से संक्रमित होने का ज्यादा जोखिम होता है.</p> <p style="text-align: justify;"><strong>विशेषज्ञ ने सोशल मीडिया पर दी अहम जानकारी</strong></p> <p style="text-align: justify;">न्यूट्रिशनिस्ट डॉक्टर विशाखा ने इंस्टाग्राम पर सुझाव दिया है कि कोविड-19 की पहली खुराक लेने के बाद लोगों को धूम्रपान नहीं करना चाहिए क्योंकि ये कई वैक्सीन के खिलाफ एंटीबॉडी रिस्पॉन्स को कम करता है. डॉक्टर ने इंस्टाग्राम पर कई पोस्ट शेयर कर बताया कि कोई शख्स अगर वैक्सीन लगवाने वाला है, तो उसे क्या करना चाहिए. उनके मुताबिक वैक्सीन लगवाने से पहले लोगों को रात की छह घंटे की नींद जरूर लेनी चाहिए.&nbsp;</p> <p style="text-align: justify;">[insta]https://ift.tt/3xFFNVj> <p style="text-align: justify;">तनाव को कम करने के लिए लोगों के लिए थोड़ा सांस का व्यायाम भी जरूरी है. न सिर्फ स्मोकिंग बल्कि अल्कोहल का सेवन भी वैक्सीन के खिलाफ इम्यून सिस्टम के रिस्पॉन्स को कमजोर कर सकता है. इस तरह, वैक्सीन का डोज लगवाने से तीन दिन पहले अल्कोहल के सेवन से जरूर बचना चाहिए. &nbsp;</p> <p style="text-align: justify;"><strong><a title="चाणक्य नीति: सूचनाओं के प्रयोग में रहना चाहिए सावधान, जानकारी साझा करते वक्त रहें सतर्क" href="https://www.abplive.com/lifestyle/religion/chanakya-niti-leader-must-be-alert-for-sharing-information-with-followers-1908122">चाणक्य नीति: सूचनाओं के प्रयोग में रहना चाहिए सावधान, जानकारी साझा करते वक्त रहें सतर्क</a></strong></p> <p style="text-align: justify;"><strong><a title="Zodiac Signs: बड़े दयालु होते है इस राशि वाले, करते हैं सबकी मदद, हर सुख-दुख में देते हैं सभी का साथ, जानें इन्हें" href="https://ift.tt/2RhKhAG Signs: बड़े दयालु होते है इस राशि वाले, करते हैं सबकी मदद, हर सुख-दुख में देते हैं सभी का साथ, जानें इन्हें</a></strong></p> lifestyle https://ift.tt/3eH4ZC8

Kalashtami Vrat 2021: इस दिन है कालाष्टमी व्रत? जानें उपासना की तिथि, शुभ मुहूर्त, पूजा- विधि और महत्व

<p style="text-align: justify;"><strong>Kalashtami Vrat 2021: </strong>हिंदू व्रत &ndash;त्यौहारों की लिस्ट में कालाष्टमी व्रत विशेष महत्त्व रखता है. कालाष्टमी का व्रत हर मास के कृष्ण पक्ष की अष्टमी तिथि को किया जाता है. कालाष्टमी व्रत काल भैरव को समर्पित है. यह व्रत बहुत ही फलदायी होता है. इस व्रत में कालभैरव की विधि-विधान से पूजा की जाती है. धार्मिक मान्यता है कि इस दिन कालाष्टमी का व्रत रखने से कालभैरव की कृपा प्राप्त होती है. इससे जीवन में किसी प्रकार की समस्याएं नहीं रहती हैं. आइये जानें वैशाख मास में कालाष्टमी की पूजा विधि, शुभ मुहूर्त और महत्त्व</p> <p style="text-align: justify;"><strong>कालाष्टमी</strong> <strong>की</strong> <strong>व्रत</strong> <strong>तिथि</strong></p> <p style="text-align: justify;">वैशाख मास कृष्ण पक्ष अष्टमी तिथि- 3 मई दिन सोमवार</p> <p style="text-align: justify;"><strong>कालाष्टमी</strong> <strong>व्रत</strong> <strong>का</strong> <strong>शुभ</strong> <strong>मुहूर्त</strong></p> <ul style="text-align: justify;"> <li>अष्टमी तिथि प्रारंभ- 3 मई, 2021 को 1 बजकर 39 मिनट से</li> <li>अष्टमी तिथि समाप्त- 4 मई,2021 को दोपहर 1 बजकर 10 मिनट पर</li> </ul> <p style="text-align: justify;"><strong>कालाष्टमी</strong> <strong>व्रत</strong> <strong>पूजाविधि</strong></p> <p style="text-align: justify;">व्रत करने वाले भक्त को सुबह जल्दी उठकर सभी प्रकार के नित्यकर्म, स्नानादि से निवृत होकर साफ़ कपड़ा पहन कर घर में पूजास्थल पर बैठें. &nbsp;पूजास्थल पर गंगाजल का छिड़काव करें. उसके बाद व्रत का संकल्प लेकर काल भैरव को पुष्प अर्पित करें. तथा उनके सामने दीप प्रज्ज्वलित करें. बाबा भैरवनाथ का ध्यान रखते हुए उनकी आरती और चालीसा का पाठ करें. फल, मिठाई और गुड का भोग लगाएं.</p> <div class="uk-grid-collapse uk-grid" style="text-align: justify;"> <div class="uk-width-3-5 fz20 p-10 newsList_ht uk-first-column"><a href="https://ift.tt/3nFd6TH Friend Zodiac Signs: इन चार राशि के लोगों पर आंख मूंद कर सकते हैं भरोसा, होते हैं विश्वासपात्र</strong></a></div> <div class="uk-width-2-5 uk-position-relative uk-padding-remove-left">&nbsp;</div> <div class="uk-width-2-5 uk-position-relative uk-padding-remove-left"><strong>कालाष्टमी</strong> <strong>का</strong> <strong>महत्व</strong></div> </div> <p style="text-align: justify;">भगवान कालभैरव की उत्पत्ति शिवजी के अंश के रूप में हुई है. इस लिए कालाष्टमी को काल भैरवाष्टमी या भैरवाष्टमी नाम से भी जाना जाता है. कालाष्टमी का व्रत भगवान काल भैरव को समर्पित है जो कि बहुत फलदायी है. इस व्रत को विधि-विधान के साथ रखने से व्रतधारी के सभी रोग दूर हो जाते हैं. ऐसे मान्यता है कि &nbsp;भगवान भैरव की उपासना से हर कार्य में सफलता प्राप्त होती है. कालाष्टमी का व्रत रखने से सभी तरह के संकट, दुःख और शत्रुओं से मुक्ति मिलती है. &nbsp;</p> <div class="uk-grid-collapse uk-grid"> <div class="uk-width-3-5 fz20 p-10 newsList_ht uk-first-column" style="text-align: justify;"><a href="https://ift.tt/3eH5DQ4 Transit 2021: बुध ने किया राशि परिवर्तन, इनके अशुभ प्रभावों से बचने के लिए करें ये आसान उपाय</strong></a></div> <div class="uk-width-2-5 uk-position-relative uk-padding-remove-left" style="text-align: justify;">&nbsp;</div> </div> lifestyle https://ift.tt/3e8wFAQ

गर्मी की डाइट में घी को शामिल करने की ये हैं प्रमुख वजहें, जानिए शरीर को कैसे पहुंचता है फायदा

<p style="text-align: justify;">घी भारतीय डाइट का एक अभिन्न हिस्सा है. ये बहुमुखी फूड है और किसी सब्जी, रोटी या दाल के साथ बिल्कुल सटीक बैठता है. आयुर्वेद में उसे रसायन या कायाकल्प करनेवाला बताया गया है. घी खाने के आपके संपूर्व स्वास्थ्य पर सकारात्मक प्रभाव पड़ सकते हैं. हैरानी की बात नहीं कि लोग घी का इस्तेमाल साल भर चाहे गर्मी हो सर्दी में करते हैं. हालांकि, घी का खाना गर्मी के मौसम में आम तौर पर फायदेमंद है.&nbsp;</p> <p style="text-align: justify;">उसमें ओमेगा-3 फैटी एसिड और विटामिन ए और सी होता है. ये सभी टिश्यू को पोषण देता है और सभी अंगों के काम को ठीक करता है. घी शरीर की गर्मी कम करने का जबरदस्त देसी इलाज है. घी के चंद स्वास्थ्य फायदे जानिए कि क्यों गर्मी के मौसम में इस्तेमाल उसे उपयुक्त बनाता है.</p> <p style="text-align: justify;"><strong>स्वस्थ फैट में भरपूर</strong><br />कोशिका के स्वस्थ विकास के लिए आपके शरीर को स्वस्थ फैट और ऊर्जा की जरूरत होती है. स्वस्थ फैट आपके शरीर को पोषण अवशोषण और महत्वपूर्ण हार्मोन्स के उत्पादन में मदद करता है. आप एक चम्मच घी सब्जी, दाल, रोटी में मिला सकते हैं.&nbsp;</p> <p style="text-align: justify;"><strong>इम्यूनिटी को बढ़ाता है</strong><br />जो कुछ हम खाते हैं उसकी भूमिका हमारी इम्यूनिटी को मजबूत करने में प्रमुख होती है. घी हमें बीमारियों और संक्रमण से बचाता है. घी में पाया जानेवाला ब्यूट्रिक एसिड इम्यून सिस्टम को सुधारने में मदद करता है. ये विटामिन ए और सी प्रमुख स्रोत है, जो इम्यूनिटी बढ़ाने में प्रमुख भूमिका निभाता है.&nbsp;</p> <p style="text-align: justify;"><strong>पाचन को सुधारता है</strong><br />खाली पेट घी खाने से पाचन में सुधार होता है. उसमें शक्तिशाली एंटी फंगल और एंटी वायरल गुण पाए जाते हैं, जो बीमारी से बचने में मदद करता है. आयुर्वेद के मुताबिक, घी शरीर के पाचन सुधारने और पोषक तत्वों के अवशोषण में सहायता करने वाले सबसे अच्छे फूड्स में से एक है.&nbsp;</p> <p style="text-align: justify;"><strong>शरीर को ठंडा रखता है</strong><br />घी का इस्तेमाल आपके दिमाग और शरीर को ठंडा रख सकता है. ऐसा इसलिए क्योंकि घी सूजन को कम करने में मदद कर सकता है. स्वाद में ये मीठा और स्वभाव में ठंडा होता है, जो उसे गर्मी के मौसम के उपयुक्त बनाता है.&nbsp;</p> <p style="text-align: justify;"><strong><a title="Best Friend Zodiac Signs: इन चार राशि के लोगों पर आंख मूंद कर सकते हैं भरोसा, होते हैं विश्वासपात्र" href="https://ift.tt/3e8ziT2 Friend Zodiac Signs: इन चार राशि के लोगों पर आंख मूंद कर सकते हैं भरोसा, होते हैं विश्वासपात्र</a></strong></p> <p style="text-align: justify;"><strong><a title="चाणक्य नीति: सूचनाओं के प्रयोग में रहना चाहिए सावधान, जानकारी साझा करते वक्त रहें सतर्क" href="https://www.abplive.com/lifestyle/religion/chanakya-niti-leader-must-be-alert-for-sharing-information-with-followers-1908122">चाणक्य नीति: सूचनाओं के प्रयोग में रहना चाहिए सावधान, जानकारी साझा करते वक्त रहें सतर्क</a></strong></p> lifestyle https://ift.tt/3xATxAN

Weight loss: अजवाइन- जीरा डिटॉक्स चाय है वजन कम करने के लिए सबसे उचित तरीका

<p style="text-align: justify;">क्या आप शरीर से अतिरिक्त वजन कम करने का रास्ता तलाश कर रहे हैं और ऐसा करना मुश्किल हो रहा है? तब, आपको जरूरत है एक नजर अपने किचन में डालने की. इम्यूनिटी बढ़ानेवाला और सुपर हेल्दी काली मिर्च, घी, जीरा या अजवाइन के बारे में जानना फायदेमंद रहेगा. इन सामग्रियों से हम बहुत ज्यादा फायदा हासिल करते हैं. जब एक साथ मिला दिया जाए, तब अतिरिक्त वजन से लड़ने में भी आपकी मदद कर सकते हैं. ऐसा ही है अजवाइन-जीरा ड्रिंक जो न सिर्फ आपको डिटॉक्स करने में मदद करता है बल्कि वजन भी कम करता है.</p> <p style="text-align: justify;"><strong>अजवाइन और जीरा वजन घटाने को कैसे बढ़ावा देते हैं?</strong><br />अजवाइन आपके पाचन को फायदा पहुंचाता है और उसे साफ रखता है. उसमें एक अनोखा केमिकल थाइमोल पाया जाता है जो गैस्ट्रिक रस के स्राव में सहायता करता है और टॉक्सिन्स, फ्री रेडिकल्स और फैट को बाहर निकालता है. थाइमोल अजवाइन को अलग स्वाद देता है. जीरा पानी वजन कम करने के इच्छुक लोगों की सबसे ज्यादा लोकप्रिय डिटॉक्स ड्रिंक्स में से एक है. अपनी डाइट में जीरा शामिल करने के स्वास्थ्य फायदे का आयुर्वेद में उल्लेख है. अजवाइन की तरह जीरा भी आपके पाचन सिस्टम को अच्छी शक्ल रखने, दूषित केमिकल की मौजूदगी को रोकने के लिए भी काम करता है. कहा जाता है कि जीरा फैट जलाने की प्रक्रिया को तेज करता है, जिससे एक शख्स का वजन कम करना आसान हो जाता है. जब उसका नियमित सेवन किया जाए, तब ये फूड को प्रोसेस करने में आपकी बेहतर मदद भी कर सकता है.&nbsp;</p> <p style="text-align: justify;"><strong>अजवाइन को पानी में डुबोने या भीगने पर क्या होता है?</strong><br />इन जड़ी-बूटियों को पानी में मिलाना उनके अवशोषण को बढ़ानेवाला माना जाता है. इसलिए, मिश्रण के तौर पर उनका इस्तेमाल अपने स्वास्थ्य के लिए अच्छा है. किचन की ये दोनों सामग्री वजन कम करने के बिल्कुल उपयुक्त हैं और ठीक तरीके से डिटॉक्स करने में मदद कर सकते हैं.&nbsp;</p> <p style="text-align: justify;">चिकित्सीय लाभ के अलावा अजवाइन और जीरा दोनों कैलोरी में अत्यंत कम होते हैं, फिर भी वजन कम करनेवाली डाइट में नियमित सेवन के लिए आदर्श है. कहा जाता है कि अजवाइन में शक्तिशाली एंटी-बैक्टीरियल, एंटी फंगल और सूजन रोधी गुण होते हैं जो कोलेस्ट्रोल लेवल और ब्लड शुगर नियंत्रण में मदद करता है. दूसरी तरफ जीरा सूजन कम करनेवाला और आंत में बैक्टीरिया से लड़नेवाला जाना जाता है.</p> <p style="text-align: justify;"><strong>वजन कम करने के लिए डिटॉक्स चाय कैसे तैयार करें?&nbsp;</strong><br />अजवाइन और जीरा अपने स्वाद में तीखे होते हैं और मध्यम हिस्से का इस्तेमाल सबसे अच्छा असर करेगा. डिटॉक्स चाय तैयार करने के लिए एक चम्मच जीरा, एक ग्लास पानी में 3-4 घंटे आधा चम्मच अजवाइन भिगोने से शुरुआत करें या उसे रात भर रहने दें. आप मध्यम आंच पर कम से कम 5 मिनट के लिए उबाल सकते हैं. चाहे आप जैसे तैयार करें, ड्रिंक को छान लें और डिटॉक्स ड्रिंक को पीएं. आप उसका इस्तेमाल हर सुबह या भोजन खाने के बाद पाचन और डिटॉक्स सुधारने के लिए कर सकते हैं. अगर आप चाहें तो नींबू का रस, शहद, गुड़ भी स्वाद के लिए मिला सकते हैं.</p> <p style="text-align: justify;"><strong><a title="Health Tips: कोरोना होने पर जल्द रिकवरी के लिए डाइट में शामिल करें ये फूड" href="https://ift.tt/2QMRgBQ Tips: कोरोना होने पर जल्द रिकवरी के लिए डाइट में शामिल करें ये फूड</a></strong></p> <p style="text-align: justify;"><strong><a title="ये है Nushrat Bharucha का डाइट प्लान, इस तरह रखती हैं खुद को फिट" href="https://www.abplive.com/lifestyle/health/fitness-health-tips-nushrat-bharucha-diet-plan-keep-herself-fit-and-slim-1908104">ये है Nushrat Bharucha का डाइट प्लान, इस तरह रखती हैं खुद को फिट</a>&nbsp;</strong></p> lifestyle https://ift.tt/3nF9eSF

भारत में आनेवाले महीनों में ब्लड डोनर्स की गंभीर कमी की संभावना, जानिए क्या करना है जरूरी

<p style="text-align: justify;">डॉक्टरों को डर है कि आनेवाले महीनों में टीकाकरण और महामारी के कारण ब्लड डोनर्स की अधिक कमी का सामना करना पड़ सकता है. ज्यादा मांग और कम डोनर्स के कारण भारत में ब्लड बैंक पहले ही गंभीर कमी का सामना कर रहे हैं और पूरी कमी एक मिलियन यूनिट से अधिक की है. इसलिए आवश्यक है कि लोगों को ब्लड डोनेशन के महत्व के बारे में शिक्षित किया जाए. सच्चाई ये है कि ब्लड का भंडारण अनिश्चितकाल तक नहीं किया जा सकता जो उसे हमारे लिए जरूरी बनाता है कि ब्लड डोनेशन कैंप के आयोजन करने का रास्ता निकाला जाए और लोगों को इस कठिन समय में आगे आने के लिए प्रेरित किया जाए. स्थिति को समझने और उसे संभालने के लिए क्या किया जा सकता है.&nbsp;</p> <p style="text-align: justify;"><strong>आनेवाले दो महीनों में ब्लड डोनर्स की अधिक कमी</strong></p> <p style="text-align: justify;">आनेवाले दो महीनों में ब्लड डोनर्स की कमी की भविष्यवाणी पर बीजीएस ग्लेनेगल्स ग्लोबल हॉस्पीटल में वरिष्ट कंसलटेंन्ट डॉक्टर राघवेंद्र चिकातूर का कहना है, "हम जानते हैं कि कोरोना वायरस महामारी के खिलाफ हर्ड इम्यूनिटी हासिल करने में टीकाकरण अहम भूमिका निभाता है. भारत सरकार ने लोगों की 18-44 उम्र को लक्ष्य में रखते हुए टीकाकरण अभियान का तीसरा चरण शुरू किया है." नेशनल ब्लड ट्रांसफ्यूजन काउंसिल की तरफ से जारी संशोधित गाइडलाइन्स के मुताबकि, वैक्सीन लगवा चुका शख्स वैक्सीन के हर डोज के बाद 28 दिनों तक ब्लड डोनेट नहीं कर सकता. कई राज्य सरकारों ने महामारी की दूसरी लहर में बढ़ते मामलों को देखते हुए आंशिक या संपूर्ण लॉकडाउन का एलान किया है. शैक्षणिक संस्थानों के बंद होने और युवा पेशेवरों के घर से काम करने के कारण ब्लड बैंक डोनेशन कैंप आयोजित नहीं कर सकते. इसलिए उन्हें गंभीर कमी का सामना करना पड़ सकता है क्योंकि 10-44 साल के युवाओं में अधिकांश डोनेर शामिल हैं.</p> <p style="text-align: justify;">उन्होंने कहा, "हम युवा स्वस्थ वॉलेंटियर से आग्रह करते हैं कि कोविड-19 वैक्सीन लेने से पहले या कम से कम पहले डोज (दूसरा डोज लेने से पहले) के 28 दिनों बाद ब्लड डोनेट करें. एक अनुमान के मुताबिक 18-44 साल में 40 करोड़ आबादी के लिए वैक्सीन प्रशासन समय लेने जा रहा है." उनकी अपील है कि युवा, स्वस्थ डोनर को स्वेच्छा से ब्लड बैंक में डोनेट करने के लिए आना चाहिए क्योंकि कैंसर, थैलेसीमिया, इमरजेंसी सर्जरी से गुजरनेवाले मरीजों और दुर्घटना पीड़ितों को ब्लड और उसके प्रोडक्ट्स की सख्त जरूरत होती है. कोई शख्स जिसको कोविड-19 की बीमारी हो चुकी है, उसके अंदर 14 दिनों बाद एंटी बॉडीज विकसित होती है और कोरोना वायरस स्पाइक प्रोटीन के खिलाफ कॉनवैलीसेंट प्लाज्मा थेरेपी एंटी बॉडीज में समृद्ध होता है जो प्राप्तकर्ताओं को निष्क्रिय रूप से बीमारी से लड़ने में मदद करता है.&nbsp;</p> <p style="text-align: justify;"><strong>कौन प्लाज्मा डोनेट कर सकता है?</strong></p> <p style="text-align: justify;">18-60 साल का कोई शख्स जिसका वजन कम से कम 50 किलो और कोविड-19 से ठीक हो चुका हो, अपना प्लाज्मा पूरी तरह ठीक होने 28 दिनों बाद कर सकता है. करीब 500 मिलीलीट प्लाज्मा (ब्लड का पीला हिस्सा) डोनेट किया जाता है और हर 15 दिनों पर तीन महीनों तक दोहराया जा सकता है. डोनर को एंटी बॉडी स्क्रीनिंग टेस्ट, सीबीसी, सीरम प्रोटीन लेवल और अन्य स्क्रीनिंग टेस्ट से संक्रमण को खारिज करने के लिए गुजरना होगा.&nbsp;</p> <p style="text-align: justify;"><strong><a title="Health Tips: वजन घटाने के लिए करी पत्ते का जूस है फायदेमंद, कम हो जाएगी चर्बी" href="https://ift.tt/3t9QFax Tips: वजन घटाने के लिए करी पत्ते का जूस है फायदेमंद, कम हो जाएगी चर्बी</a></strong></p> <p style="text-align: justify;"><strong><a title="Health Tips: खून साफ करेंगी ये पांच ड्रिंक्स, कई औषधीय गुणों से हैं भरपूर" href="Health Tips: खून साफ करेंगी ये पांच ड्रिंक्स, कई औषधीय गुणों से हैं भरपूर">Health Tips: खून साफ करेंगी ये पांच ड्रिंक्स, कई औषधीय गुणों से हैं भरपूर</a></strong></p> lifestyle https://ift.tt/3e7hWpQ

Saturday, May 1, 2021

Health Tips: कोरोना होने पर जल्द रिकवरी के लिए डाइट में शामिल करें ये फूड

<p style="text-align: justify;">कोरोना वायरस तेजी से लोगों को अपनी चपेट में ले रहा है. रोजाना कोरोना से पीड़ित लोगों की संख्या बढ़ती जा रही है. कोरोना वायरस से लोगों के जीवन पर बहुत असर पड़ रहा है. इस वायरस से बचने के लिए लोग मास्क और शारीरिक दूरी बनाकर रह रहे हैं. इसके अलावा संक्रमित होने वाले लोग खुद को होम आइसोलेशन में रख रहे हैं. कोरोना से संक्रमित होने वाले लोगों को अपने खान-पान का बहुत ख्याल रखने की जरूरत है. इससे आपका शरीर तेजी से रिकवर होगा. डॉक्टर्स जल्द रिकवरी के लिए आपको हेल्दी डाइट लेने की सलाह दे रहे हैं. जानते हैं आपको कैसे डाइट लेनी चाहिए.</p> <p style="text-align: justify;"><strong>फाइबर-</strong> आपको अपने खाने में फाइबर वाला फूड शामिल करना चाहिए. जिसमें रागी या ओटमील नाश्ते में खाने की सलाह दी जा रही है. इसमें भरपूर मात्रा में फाइबर, विटामिन-बी और कार्ब पाए जाते हैं. ये खाना जल्दी पच जाता है. आप चाहें तो नाश्ते में अंडा भी खा सकते हैं.</p> <p style="text-align: justify;"><strong>खिचड़ी-</strong> मरीजों को डॉक्टर खिचड़ी खाने की सलाह देते हैं. आप दाल, चावल और सब्जियां डालकर खिचड़ी बना सकते हैं. खिचड़ी हेल्थ के लिए काफी फायदेमंद होती है. विशेषज्ञ खिचड़ी को सुपरफूड भी कहते हैं. आपको एक टाइम खिचड़ी जरूर खानी चाहिए.</p> <p style="text-align: justify;"><strong>पानी-</strong> शरीर के टॉक्सिन बाहर निकलने के लिए खूब सारा पानी पीना चाहिए. आप चाहें तो ओआरएस भी पी सकते हैं. इसके अलावा ग्रीन टी और काढ़ा भी पिएं. कोरोना में जल्द रिकवरी के लिए खूब सारा पानी पीएं. शरीर को हायड्रेट रखना बहुत जरूरी है.</p> <p style="text-align: justify;"><strong>जंक फूड से बचें-</strong> आजकल लोग पैकेट बंद चीजों का काफी इस्तेमाल कर रहे हैं. अगर आप कोरोना संक्रमित हैं तो जंक फूड से बचें. जंक फूड की जगह घर का ताजा खाना खाएं. आपको खाने में विटामिन-सी वाले फल और सब्जियों ज्यादा खानी चाहिए.&nbsp;</p> <p style="text-align: justify;"><strong>ड्राइफ्रूट्स और सीड्स खाएं-</strong> खाने में सूखे मेवे और बीज भी खाएं इससे आपको एनर्जी मिलेगी. ड्राइफ्रूट्स में एंटी ऑक्सीडेंट्स गुण और पोषक तत्व पाए जाते हैं. इसके अलावा आपको अपनी डाइट में सीड्स भी शामिल कर लेनी चाहिए.&nbsp;</p> <p style="text-align: justify;"><strong>नोट-</strong> ये सामान्य सुझाव है. इसे किसी डॉक्टर की सलाह के तौर पर न लें. अगर आप संक्रमित हैं तो एक बार डॉक्टर की सलाह जरूर लें.</p> <p style="text-align: justify;"><strong>ये भी पढ़ें: <a href="https://ift.tt/3tcpnAa" target="_blank" rel="noopener">पेट और आंत को कैसे रखें स्वस्थ? करें ये 3 आसान उपाय</a></strong></p> lifestyle https://ift.tt/3tc8ohv